Ch 6निःशुल्क

Chapter 6

🎓 Vardhman Mahaveer Open University📖 SLM - Differential Equation (Hindi)📖 8 नोट्स⏱️ ~12 मिनट
Chapter 5अध्याय 4 / 11Chapter 7

Chapter 6अध्ययन नोट्स

NCERT-संरेखित · 8 नोट्स · 3 निःशुल्क दिखाए गए

6.1 परिचय

व्याख्या

6.1 परिचय

इस अनुभाग में अचर गुणांक युक्त रैखिक अवकल समीकरणों का परिचय दिया गया है। रैखिक अवकल समीकरण वह समीकरण होते हैं जिनमें अवकलन (डिफरेंशिएशन) के साथ चर (variable) की शक्ति 1 होती है और समीकरण में कोई गुणनफल या उच्च शक्ति नहीं होती। जब इन समीकरणों के गुणांक (coefficients) स्थिर (constant) होते हैं, तो उन्हें अचर गुणांक युक्त रैखिक अवकल समीकरण कहा जाता है। इन समीकरणों का अध्ययन गणित, भौतिकी, रसायन विज्ञान, जीव विज्ञान तथा अभियांत्रिकी में महत्वपूर्ण है क्योंकि ये विभिन्न प्राकृतिक और तकनीकी प्रक्रियाओं का गणितीय मॉडल प्रस्तुत करते हैं। इस अध्याय में मुख्य रूप से प्रथम तथा उच्च क्रम के अचर गुणांक युक्त रैखिक अवकल समीकरणों को हल करने की विधियाँ, उनके सामान्य और विशेष हल, तथा इनका व्यावहारिक उपयोग समझाया गया है।

  • रैखिक अवकल समीकरण में चर की शक्ति 1 होती है।
  • अचर गुणांक युक्त समीकरण के गुणांक स्थिर होते हैं।
  • ये समीकरण विभिन्न विज्ञान और तकनीकी क्षेत्रों में उपयोगी हैं।
  • इस अध्याय में हल की विधियाँ और व्यावहारिक उदाहरण दिए गए हैं।
  • सामान्य और विशेष हल की अवधारणा को समझाया गया है।
  • 📌 रैखिक अवकल समीकरण: ऐसा समीकरण जिसमें अवकलन के साथ चर की शक्ति 1 होती है।
  • 📌 अचर गुणांक: समीकरण के गुणांक जो स्थिर होते हैं।

6.2 प्रथम क्रम के अचर गुणांक युक्त रैखिक अवकल समीकरण

अवधारणा

6.2 प्रथम क्रम के अचर गुणांक युक्त रैखिक अवकल समीकरण

इस अनुभाग में प्रथम क्रम के अचर गुणांक युक्त रैखिक अवकल समीकरणों की संरचना, सामान्य रूप और हल की विधि बताई गई है। समीकरण का सामान्य रूप: dy/dx + a y = f(x) होता है, जहाँ a एक स्थिरांक है। हल करने के लिए गुणांक की स्थिरता का लाभ उठाते हुए इंटीग्रेटिंग फैक्टर (IF) का प्रयोग किया जाता है। IF = e^(a x) होता है। समीकरण को IF से गुणा करके दोनों ओर समाकलन (integration) किया जाता है। इससे समीकरण का सामान्य हल प्राप्त होता है।

  • समीकरण का सामान्य रूप dy/dx + a y = f(x) है।
  • गुणांक a स्थिरांक होता है।
  • इंटीग्रेटिंग फैक्टर IF = e^(a x) होता है।
  • IF से गुणा करके समीकरण को हल किया जाता है।
  • सामान्य हल में एक स्थिरांक C शामिल होता है।
  • 📌 इंटीग्रेटिंग फैक्टर (IF): समीकरण को हल करने के लिए प्रयुक्त गुणन कारक।
  • 📌 सामान्य हल: वह हल जिसमें स्थिरांक C शामिल होता है।

6.3 द्वितीय क्रम के अचर गुणांक युक्त रैखिक अवकल समीकरण

व्याख्या

6.3 द्वितीय क्रम के अचर गुणांक युक्त रैखिक अवकल समीकरण

इस अनुभाग में द्वितीय क्रम के अचर गुणांक युक्त रैखिक अवकल समीकरणों की संरचना, सामान्य रूप और हल की विधियाँ बताई गई हैं। समीकरण का सामान्य रूप: d²y/dx² + a₁ dy/dx + a₂ y = f(x) होता है। हल के लिए सबसे पहले समीकरण का सम homogeneous भाग हल किया जाता है,