Chapter 15
Chapter 15 — अध्ययन नोट्स
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राजस्थान का भौतिक स्वरूप (Physical Features of Rajasthan)
व्याख्याराजस्थान का भौतिक स्वरूप (Physical Features of Rajasthan)
राजस्थान भारत का सबसे बड़ा राज्य है, जिसका क्षेत्रफल लगभग 3,42,239 वर्ग किलोमीटर है। राज्य का भौतिक स्वरूप अत्यंत विविधतापूर्ण है, जिसमें मरुस्थल, पठार, मैदान, पर्वत और वन शामिल हैं। राजस्थान का पश्चिमी भाग थार मरुस्थल (Thar Desert) के रूप में जाना जाता है, जो राज्य का लगभग 60% क्षेत्र घेरता है। पूर्वी भाग में अरावली पर्वतमाला (Aravalli Range) फैली हुई है, जो दक्षिण-पश्चिम से उत्तर-पूर्व की ओर जाती है और राज्य को दो भौगोलिक भागों में विभाजित करती है। दक्षिणी राजस्थान में मेवाड़ का पठार (Mewar Plateau) और दक्षिण-पूर्व में हाड़ौती का पठार (Hadoti Plateau) स्थित है। उत्तरी-पूर्वी क्षेत्र में मैदान और जलोढ़ मिट्टी (Alluvial Soil) पाई जाती है। ⭐ परीक्षा महत्वपूर्ण तथ्य: • राजस्थान का क्षेत्रफल — 3,42,239 वर्ग किमी (2021) • गुरु शिखर की ऊँचाई — 1,722 मीटर • अरावली पर्वतमाला की लम्बाई — लगभग 692 किमी • अरावली पर्वतमाला राज्य को दो प्रमुख भागों में बाँटती है — यह अक्सर पूछा जाता है • गुरु शिखर, माउंट आबू की ऊँचाई और स्थान याद रखें
- राजस्थान का क्षेत्रफल 3,42,239 वर्ग किमी (भारत का 10.4% भाग)
- अरावली पर्वतमाला राज्य को दो भागों में विभाजित करती है — पश्चिमी मरुस्थलीय क्षेत्र और पूर्वी अर्ध-शुष्क क्षेत्र
- थार मरुस्थल का विस्तार जैसलमेर, बाड़मेर, बीकानेर, जोधपुर जिलों में
- गुरु शिखर (Mount Abu, सिरोही) — अरावली की सबसे ऊँची चोटी (1,722 मीटर)
- पूर्वी राजस्थान में मैदान और जलोढ़ मिट्टी का विस्तार
- दक्षिण में मेवाड़ और हाड़ौती के पठार
- 📌 अरावली पर्वतमाला: भारत की सबसे प्राचीन पर्वतमालाओं में से एक, राजस्थान की भौगोलिक रीढ़
- 📌 थार मरुस्थल: भारत का सबसे बड़ा मरुस्थल, राजस्थान के पश्चिमी भाग में
- 📌 पठार: ऊँचा समतल भू-भाग, जैसे मेवाड़ पठार
राजस्थान की जलवायु (Climate of Rajasthan)
व्याख्याराजस्थान की जलवायु (Climate of Rajasthan)
राजस्थान की जलवायु मुख्यतः शुष्क (Arid) और अर्ध-शुष्क (Semi-Arid) है। राज्य का अधिकांश भाग मरुस्थलीय क्षेत्र में आता है, जहाँ वर्षा बहुत कम होती है। पश्चिमी जिलों में औसत वार्षिक वर्षा 100 मिमी से भी कम है, जबकि पूर्वी जिलों में यह 600 मिमी तक पहुँच जाती है। तापमान में अत्यधिक अंतर देखा जाता है — गर्मियों में तापमान 48°C तक पहुँच जाता है, जबकि सर्दियों में 0°C तक गिर जाता है। राजस्थान में मानसूनी वर्षा जून से सितंबर के बीच होती है, जो राज्य की कुल वर्षा का 90% है। राज्य में लू (Heat Wave), धूल भरी आँधियाँ (Dust Storms) और सूखा (Drought) आम हैं। ⭐ परीक्षा महत्वपूर्ण तथ्य: • फालौदी में 51°C — भारत का सर्वाधिक तापमान (2016) • राजस्थान में औसत वार्षिक वर्षा — 531 मिमी • राजस्थान में सूखा — लगभग हर 3-4 वर्ष में • राजस्थान के सबसे गर्म और सबसे ठंडे स्थानों के नाम और तापमान याद रखें • मानसूनी वर्षा का प्रतिशत और समय पूछे जाते हैं
- राजस्थान की जलवायु — शुष्क और अर्ध-शुष्क
- औसत वार्षिक वर्षा — 100 मिमी (पश्चिम) से 600 मिमी (पूर्व)
- गर्मियों में अधिकतम तापमान — 48°C (फालौदी, 2016)
- सर्दियों में न्यूनतम तापमान — 0°C (माउंट आबू, चूरू)
- मानसूनी वर्षा — जून से सितंबर
- लू, सूखा और धूल भरी आँधियाँ आम
- 📌 शुष्क जलवायु: अत्यंत कम वर्षा और उच्च तापमान वाली जलवायु
- 📌 लू: गर्मियों में चलने वाली तीव्र गर्म हवा
- 📌 मानसूनी वर्षा: दक्षिण-पश्चिम मानसून द्वारा लाई गई वर्षा
राजस्थान की प्रमुख नदियाँ (Major Rivers of Rajasthan)
व्याख्याराजस्थान की प्रमुख नदियाँ (Major Rivers of Rajasthan)
राजस्थान में स्थायी नदियों की संख्या कम है। अधिकांश नदियाँ मौसमी (Seasonal) हैं, जो मानसून के दौरान बहती हैं। राज्य की प्रमुख नदियाँ — चंबल, बनास, लूणी, माही, कांतली, बाणगंगा, साबरमती, सोम, पार्वती आदि हैं। चंबल नदी राजस्थान की एकमात्र प्रमुख बारहमास
राजस्थान का भूगोल के सभी 15 अध्याय
Geography of Rajasthan · Rajasthan General Knowledge