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Chapter 7

🎓 Vardhman Mahaveer Open University📖 SLM - Corporate Accounting (Hindi)📖 9 नोट्स⏱️ ~14 मिनट
Chapter 6अध्याय 8 / 19Chapter 8

Chapter 7अध्ययन नोट्स

NCERT-संरेखित · 9 नोट्स · 3 निःशुल्क दिखाए गए

7.1 अधिमान अंश का अर्थ

परिभाषा

7.1 अधिमान अंश का अर्थ

अधिमान अंश (Preference Share) वह अंश होते हैं जिन्हें सामान्य अंशधारकों की तुलना में कुछ विशेष अधिकार प्राप्त होते हैं। अधिमान अंशधारकों को लाभांश वितरण में प्राथमिकता मिलती है और कंपनी के परिसमापन के समय उनकी पूंजी का भुगतान भी पहले किया जाता है। अधिमान अंशधारकों को लाभांश एक निश्चित दर पर मिलता है, चाहे कंपनी को लाभ हो या न हो। अधिमान अंशधारकों को मतदान का अधिकार सामान्यतः नहीं होता, लेकिन कुछ विशेष परिस्थितियों में उन्हें यह अधिकार मिल सकता है। अधिमान अंश का शोधन (Redemption) का अर्थ है कंपनी द्वारा इन अंशों को वापस खरीदना या भुगतान करना। शोधन के बाद अधिमान अंशधारकों का कंपनी में कोई अधिकार नहीं रहता।

  • अधिमान अंशधारकों को लाभांश वितरण में प्राथमिकता मिलती है।
  • परिसमापन के समय पूंजी का भुगतान पहले किया जाता है।
  • लाभांश की दर निश्चित होती है।
  • मतदान का अधिकार सामान्यतः नहीं होता।
  • शोधन के बाद अंशधारकों का कंपनी में अधिकार समाप्त हो जाता है।
  • 📌 अधिमान अंश: ऐसे अंश जिनमें लाभांश और पूंजी के भुगतान में प्राथमिकता होती है।
  • 📌 शोधन: अंशों को कंपनी द्वारा वापस खरीदना या भुगतान करना।

7.2 अधिमान अंश का शोधन – विधियां

अवधारणा

7.2 अधिमान अंश का शोधन – विधियां

अधिमान अंश का शोधन कंपनी अधिनियम, 2013 के अनुसार केवल पूर्णतः चुकता अधिमान अंशों का ही किया जा सकता है। शोधन के लिए कंपनी को निम्नलिखित विधियों का पालन करना होता है: (1) लाभांश से शोधन: कंपनी अपने संचित लाभांश (Reserves) से अधिमान अंशों का शोधन करती है। (2) नए अंश जारी करके शोधन: कंपनी नए अंश (सामान्य अंश) जारी करके प्राप्त धन से अधिमान अंशों का शोधन करती है। (3) दोनों विधियों का मिश्रण: कभी-कभी कंपनी दोनों विधियों का मिश्रण करती है। शोधन के लिए कंपनी को 'अंश शोधन आरक्षित' (Capital Redemption Reserve) बनाना अनिवार्य है, जिससे भविष्य में बोनस अंश जारी किए जा सकते हैं।

  • शोधन केवल पूर्णतः चुकता अधिमान अंशों का ही किया जा सकता है।
  • लाभांश से शोधन में संचित लाभांश का उपयोग होता है।
  • नए अंश जारी करके शोधन में पूंजी बढ़ाई जाती है।
  • अंश शोधन आरक्षित बनाना अनिवार्य है।
  • शोधन के बाद अधिमान अंशधारकों का अधिकार समाप्त हो जाता है।
  • 📌 अंश शोधन आरक्षित: शोधन के लिए बनाए गए विशेष आरक्षित, जिससे बोनस अंश जारी किए जा सकते हैं।
  • 📌 संचित लाभांश: कंपनी द्वारा अर्जित और संचित लाभ।

7.3 अधिमान अंश शोधन के लिए कानूनी प्रावधान

व्याख्या

7.3 अधिमान अंश शोधन के लिए कानूनी प्रावधान

कंपनी अधिनियम, 2013 के अनुसार अधिमान अंश शोधन के लिए कुछ कानूनी प्रावधानों का पालन करना आवश्यक है। (1) शोधन केवल पूर्णतः चुकता अधिमान अंशों का ही किया जा सकता है। (2) शोधन के लिए कंपनी को अंश शोधन आरक्षित बनाना अनिवार्य है, यदि शोधन लाभांश से किया जा