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Chapter 6

🎓 Vardhman Mahaveer Open University📖 SLM - Management Accounting (Hindi)📖 11 नोट्स⏱️ ~17 मिनट
Chapter 5अध्याय 6 / 18Chapter 7

Chapter 6अध्ययन नोट्स

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6.1 प्रस्तावना

व्याख्या

6.1 प्रस्तावना

प्रस्तावना खंड में कोष-प्रवाह विवरण (Cash Flow Statement) की आवश्यकता, महत्व और इसके प्रबंधन लेखांकन में स्थान का परिचय दिया गया है। यह विवरण वित्तीय विवरणों के विश्लेषण के लिए एक महत्वपूर्ण साधन है, जिससे यह पता चलता है कि किसी संस्था में नकद (Cash) कैसे आता है और कैसे जाता है। पारंपरिक लाभ-हानि खाते और स्थिति विवरण (Balance Sheet) केवल लाभ या हानि और संपत्ति-देयताओं की स्थिति दर्शाते हैं, लेकिन नकद की वास्तविक स्थिति को नहीं दर्शाते। कोष-प्रवाह विवरण संस्था की नकद स्थिति का विश्लेषण करता है, जिससे प्रबंधकों को नकद की उपलब्धता, उपयोग और प्रवाह की योजना बनाने में सहायता मिलती है। यह विवरण निवेशकों, ऋणदाताओं और अन्य हितधारकों के लिए भी अत्यंत महत्वपूर्ण है, क्योंकि वे इससे संस्था की नकद प्रवाह की स्थिति का मूल्यांकन कर सकते हैं।

  • कोष-प्रवाह विवरण नकद के आगमन और निर्गमन को दर्शाता है।
  • यह विवरण वित्तीय प्रबंधन के लिए आवश्यक है।
  • पारंपरिक वित्तीय विवरण नकद प्रवाह की जानकारी नहीं देते।
  • निवेशकों और ऋणदाताओं के लिए कोष-प्रवाह विवरण महत्वपूर्ण है।
  • यह संस्था की नकद स्थिति का विश्लेषण करने में सहायक है।
  • 📌 कोष-प्रवाह विवरण: एक वित्तीय विवरण जो नकद के आगमन और निर्गमन को दर्शाता है।
  • 📌 नकद प्रवाह: किसी अवधि में नकद के आगमन और निर्गमन का योग।

6.2 कोष-प्रवाह विवरण का अर्थ

परिभाषा

6.2 कोष-प्रवाह विवरण का अर्थ

कोष-प्रवाह विवरण का अर्थ है वह विवरण जो किसी संस्था के एक निश्चित अवधि के दौरान नकद के आगमन (Cash Inflows) और निर्गमन (Cash Outflows) को वर्गीकृत रूप में दर्शाता है। यह विवरण संस्था की नकद और नकद समकक्षों (Cash Equivalents) की स्थिति को स्पष्ट करता है। कोष-प्रवाह विवरण से यह ज्ञात होता है कि संस्था ने नकद कहाँ से प्राप्त किया और उसका उपयोग कहाँ किया। यह विवरण तीन मुख्य गतिविधियों में विभाजित होता है: संचालन गतिविधियाँ (Operating Activities), निवेश गतिविधियाँ (Investing Activities) और वित्तपोषण गतिविधियाँ (Financing Activities)।

  • कोष-प्रवाह विवरण नकद के आगमन और निर्गमन को दर्शाता है।
  • यह तीन गतिविधियों में विभाजित होता है: संचालन, निवेश, वित्तपोषण।
  • नकद समकक्ष वे संपत्तियाँ हैं जिन्हें शीघ्र नकद में बदला जा सकता है।
  • यह विवरण संस्था की नकद स्थिति का विश्लेषण करता है।
  • कोष-प्रवाह विवरण से नकद प्रवाह की दिशा और स्रोत स्पष्ट होते हैं।
  • 📌 संचालन गतिविधियाँ: वे गतिविधियाँ जो संस्था के मुख्य व्यवसाय से संबंधित होती हैं।
  • 📌 निवेश गतिविधियाँ: वे गतिविधियाँ जो दीर्घकालिक संपत्तियों की खरीद-बिक्री से संबंधित होती हैं।
  • 📌 वित्तपोषण गतिविधियाँ: वे गतिविधियाँ जो पूंजी जुटाने या चुकाने से संबंधित होती हैं।

6.3 कोष-प्रवाह विवरण की विशेषताएँ

अवधारणा

6.3 कोष-प्रवाह विवरण की विशेषताएँ

कोष-प्रवाह विवरण की मुख्य विशेषताएँ निम्नलिखित हैं: (1) यह नकद के आगमन और निर्गमन को स्पष्ट रूप से दर्शाता है; (2) यह तीन गतिविधियों में विभाजित होता है; (3) इसमें केवल नकद और नकद समकक्षों के लेन-देन ही शामिल होते हैं; (4) यह संस्था की नकद स्थिति का