Chapter 5
Chapter 5 — अध्ययन नोट्स
NCERT-संरेखित · 9 नोट्स · 3 निःशुल्क दिखाए गए
5.1 प्रस्तावना
व्याख्या5.1 प्रस्तावना
इस अनुभाग में आंशिक अवकलन (Partial Differentiation) की मूलभूत अवधारणा का परिचय दिया गया है। जब कोई फलन एक से अधिक स्वतंत्र चर (Variables) पर निर्भर करता है, तो उसमें से किसी एक चर के सापेक्ष अवकलज ज्ञात करने की प्रक्रिया को आंशिक अवकलन कहते हैं। उदाहरण के लिए, यदि z = f(x, y) है, तो x के सापेक्ष आंशिक अवकलज को ∂z/∂x और y के सापेक्ष को ∂z/∂y से निरूपित किया जाता है। आंशिक अवकलन का उपयोग भौतिकी, रसायन, अर्थशास्त्र, इंजीनियरिंग आदि में बहुपरिवर्ती समस्याओं के समाधान में किया जाता है। इस अनुभाग में यह भी बताया गया है कि आंशिक अवकलन का महत्व कहाँ-कहाँ है, जैसे तापमान वितरण, तरंग समीकरण, इत्यादि में।
- आंशिक अवकलन बहुपरिवर्ती फलनों के लिए प्रयुक्त होता है।
- केवल एक चर के सापेक्ष अवकलन करते समय अन्य चर को स्थिर मानते हैं।
- आंशिक अवकलज को ∂ चिह्न द्वारा दर्शाया जाता है।
- आंशिक अवकलन का प्रयोग भौतिकी, रसायन, अर्थशास्त्र आदि में होता है।
- NCERT में आंशिक अवकलन की परिभाषा और महत्व को विस्तार से समझाया गया है।
- 📌 आंशिक अवकलन: बहुपरिवर्ती फलन के एक चर के सापेक्ष अवकलन।
- 📌 स्वतंत्र चर: जिनके मान स्वतंत्र रूप से बदले जा सकते हैं।
5.2 आंशिक अवकलज की परिभाषा
परिभाषा5.2 आंशिक अवकलज की परिभाषा
इस अनुभाग में आंशिक अवकलज की औपचारिक परिभाषा दी गई है। यदि u = f(x, y) एक फलन है, तो x के सापेक्ष आंशिक अवकलज को निम्न प्रकार परिभाषित किया जाता है: ∂u/∂x = lim (h→0) [f(x + h, y) - f(x, y)] / h, जहाँ y को स्थिर रखा जाता है। इसी प्रकार, y के सापेक्ष: ∂u/∂y = lim (k→0) [f(x, y + k) - f(x, y)] / k, जहाँ x को स्थिर रखा जाता है। यह अनुभाग स्पष्ट करता है कि आंशिक अवकलन में केवल एक चर के मान को बदलते हैं, अन्य को स्थिर रखते हैं।
- आंशिक अवकलज की गणितीय परिभाषा दी गई है।
- एक चर के सापेक्ष अवकलन करते समय अन्य चर स्थिर रहते हैं।
- आंशिक अवकलज को ∂ चिन्ह से दर्शाते हैं।
- NCERT में सीमांत प्रक्रिया (Limit Process) द्वारा परिभाषा दी गई है।
- 📌 सीमांत प्रक्रिया: h या k को शून्य की ओर ले जाना।
- 📌 आंशिक अवकलज: एक चर के सापेक्ष अवकलन, अन्य चर स्थिर।
5.3 आंशिक अवकलज के संकेत और संकेतन
अवधारणा5.3 आंशिक अवकलज के संकेत और संकेतन
इस अनुभाग में आंशिक अवकलज के संकेत (Notation) और संकेतन की चर्चा की गई है। आंशिक अवकलज को ∂ चिन्ह से दर्शाया जाता है, जो d से भिन्न है। यदि z = f(x, y), तो x के सापेक्ष आंशिक अवकलज को ∂z/∂x या fₓ(x, y) या zₓ से भी लिखा जाता है। इसी प्रकार, y के सापेक
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