Ch 1निःशुल्क

Chapter 1

🎓 Vardhman Mahaveer Open University📖 SLM - Calculas and Differential Equations (Hindi)📖 9 नोट्स⏱️ ~14 मिनट
अध्याय 1 / 13Chapter 3

Chapter 1अध्ययन नोट्स

NCERT-संरेखित · 9 नोट्स · 3 निःशुल्क दिखाए गए

1.1 श्रेणी की परिभाषा

परिभाषा

1.1 श्रेणी की परिभाषा

इस अनुभाग में श्रेणी (Series) की मूल परिभाषा दी गई है। गणित में श्रेणी का अर्थ है, किसी अनुक्रम (Sequence) के पदों का योग। यदि a₁, a₂, a₃, ..., aₙ एक अनुक्रम है, तो इन पदों का योग a₁ + a₂ + a₃ + ... + aₙ एक श्रेणी कहलाता है। यदि पदों की संख्या अनंत हो, तो उसे अनंत श्रेणी (Infinite Series) कहते हैं। यदि पदों की संख्या सीमित हो, तो उसे सीमित श्रेणी (Finite Series) कहते हैं। श्रेणी का अध्ययन गणित के विभिन्न क्षेत्रों में अत्यंत महत्वपूर्ण है, जैसे कि कलन, भिन्नात्मक समीकरण, भौतिकी, सांख्यिकी आदि में। श्रेणी के प्रत्येक पद को 'सदस्य' या 'टर्म' कहा जाता है। श्रेणी का योगफल 'आंशिक योग' (Partial Sum) कहलाता है।

  • श्रृंखला (Series) अनुक्रम के पदों का योग है।
  • सीमित और अनंत श्रेणियाँ होती हैं।
  • हर पद को सदस्य या टर्म कहते हैं।
  • श्रृंखला का योग आंशिक योग कहलाता है।
  • श्रृंखला का अध्ययन गणित के कई क्षेत्रों में होता है।
  • 📌 श्रृंखला (Series): अनुक्रम के पदों का योग।
  • 📌 आंशिक योग (Partial Sum): पहले n पदों का योग।

1.2 श्रेणी के प्रकार

अवधारणा

1.2 श्रेणी के प्रकार

इस अनुभाग में श्रेणियों के विभिन्न प्रकारों का वर्णन किया गया है। मुख्यतः दो प्रकार की श्रेणियाँ होती हैं: (1) समांतर श्रेणी (Arithmetic Series) और (2) गुणोत्तर श्रेणी (Geometric Series)। समांतर श्रेणी में प्रत्येक पद अपने पूर्ववर्ती पद में एक निश्चित संख्या जोड़ने से प्राप्त होता है। गुणोत्तर श्रेणी में प्रत्येक पद अपने पूर्ववर्ती पद का एक निश्चित अनुपात होता है। इसके अलावा हार्मोनिक श्रेणी (Harmonic Series) और अन्य विशेष श्रेणियाँ भी होती हैं।

  • समांतर श्रेणी में पदों का अंतर समान होता है।
  • गुणोत्तर श्रेणी में पदों का अनुपात समान होता है।
  • हार्मोनिक श्रेणी में पद 1/n के रूप में होते हैं।
  • विशेष श्रेणियाँ भी होती हैं जैसे टेलर श्रेणी।
  • 📌 समांतर श्रेणी (Arithmetic Series): पदों का अंतर समान।
  • 📌 गुणोत्तर श्रेणी (Geometric Series): पदों का अनुपात समान।
  • 📌 हार्मोनिक श्रेणी (Harmonic Series): पद 1/n के रूप में।

1.3 आंशिक योग

व्याख्या

1.3 आंशिक योग

आंशिक योग (Partial Sum) किसी श्रेणी के पहले n पदों का योग होता है। इसे Sₙ से दर्शाया जाता है। यदि श्रेणी अनंत है, तो Sₙ को n के बढ़ने पर देखा जाता है कि वह किसी निश्चित मान की ओर अग्रसर होता है या नहीं। यदि Sₙ का मान n के बढ़ने पर किसी निश्चित संख्या