Chemistryकक्षा 12जैव-अणुहिंदी

जैव-अणु | Class 12 Chemistry Notes

द्वारा ConceptScroll Team · प्रकाशित 17 जुलाई 2026 · 3 मिनट का पठन

जैव-अणु | Class 12 Chemistry Notes

जैव-अणु – this guide gives you a concise, exam-ready overview of जैव-अणु from Class 12 Chemistry, written by ConceptScroll editors and reviewed against the latest NCERT textbook.

10.1.1 कार्बोहाइड्रेट का वर्गीकरण

कार्बोहाइड्रेटों को उनके जलअपघटन के व्यवहार के आधार पर तीन मुख्य वर्गों में बांटा गया है: (i) मोनोसैकेराइड, (ii) ओलिगोसैकेराइड, और (iii) पॉलिसैकेराइड।

(i) मोनोसैकेराइड वे कार्बोहाइड्रेट होते हैं जिन्हें और छोटे यौगिकों में जल अपघटित नहीं किया जा सकता। लगभग 20 मोनोसैकेराइड प्रकृति में ज्ञात हैं, जैसे ग्लूकोस, फ्रक्टोज, राइबोस।

(ii) ओलिगोसैकेराइड वे कार्बोहाइड्रेट होते हैं जिनके जलअपघटन से 2 से 10 मोनोसैकेराइड इकाइयाँ प्राप्त होती हैं। इन्हें डाइसैकेराइड, ट्राइसैकेराइड आदि में वर्गीकृत किया जाता है। डाइसैकेराइड सबसे प्रमुख हैं, जैसे सूक्रोस, माल्टोस।

(iii) पॉलिसैकेराइड वे कार्बोहाइड्रेट होते हैं जिनके जलअपघटन पर बहुत अधिक संख्या में मोनोसैकेराइड इकाइयाँ प्राप्त होती हैं। ये स्वाद में मीठे नहीं होते, इसलिए इन्हें अशर्करा भी कहा जाता है। उदाहरण हैं स्टार्च, सेलुलोस, ग्लाइकोजन।

कार्बोहाइड्रेटों को अपचायी और अनपचायी शर्करा में भी वर्गीकृत किया जा सकता है। अपचायी शर्करा वे होती हैं जो फेलिंग विलयन तथा टॉलेन अभिकर्मक को अपचित कर देती हैं। सभी मोनोसैकेराइड अपचायी शर्करा होती हैं।

📊 Diagram: Table on page 2 (6×4)

🔗 Connection: अगला खंड मोनोसैकेराइड के प्रकार और उनके गुणों का विस्तार से वर्णन करता है।

Table on page 2 (6×4)

कार्बन परमाणुसामान्य पदऐल्डिहाइडकीटोन
3ट्रायोसऐल्डोट्रायोसकीटोट्रायोस
4टेट्रोसऐल्डोटेट्रोसकीटोटेट्रोस
5पेन्टोसऐल्डोपेन्टोसकीटोपेन्टोस
6हैक्सोजऐल्डोहैक्सोजकीटो हैक्सोस
7हेप्टोसऐल्डोहैप्टोसकीटोहैप्टोस

Table on page 11 (6×4)

ऐमीनो अम्ल का नामपार्श्व शृंखला R का विशिष्ट लक्षण3-अक्षर प्रतीकएक अक्षर कोड
1. ग्लाइसीनHGlyG
2. ऐलानिन– CH₃AlaA
3. वैलीन*(H₃C)₂CH-ValV
4. ल्यूसीन*(H₃C)₂CH-CH₂-LeuL

| 5. आइसोल्यूसीन* | H₃C-CH₂-CH-

Table on page 11 (3×4)

7. लाइसीन*H₂N-(CH₂)₄-LysK
8. ग्लूटैमिक अम्लHOOC-CH₂-CH₂-GluE
9. ऐस्पार्टिक अम्लHOOC-CH₂-AspD

| 10. ग्लूटेसीन | H₂N-C-CH₂-CH₂-

Table on page 11 (7×4)

GlnQ
11. ऐस्पेराजीनH₂N-C-CH₂-AsnN
12. थ्रिऑनीन*H₃C-CHOH-ThrT
13. सेरीनHO-CH₂-SerS
14. सिस्टीनHS-CH₂-CysC
15. मेथाइओनिन*H₃C-S-CH₂-CH₂-MetM
16. फ्रेनिल-ऐलानिन*C₆H₅-CH₂-PheF

| 17. टाइरोसीन | (p)HO-C₆H₄-CH₂-

अक्सर पूछे जाने वाले प्रश्न

10.1 मोनोसैकेराइड क्या होते हैं?

मोनोसैकेराइड कार्बोहाइड्रेट के सबसे सरल रूप होते हैं, जो जल में घुलनशील होते हैं और जिनका सामान्य सूत्र (CH2O)n होता है। ये शर्करा के ऐसे अणु होते हैं जिन्हें और सरल शर्करा में विभाजित नहीं किया जा सकता। उदाहरण के लिए ग्लूकोज, फ्रक्टोज।

10.2 अपचायी शर्करा क्या होती है?

अपचायी शर्करा वे शर्कराएँ होती हैं जिन्हें हमारे पाचन तंत्र में पचाया नहीं जा सकता। ये शर्कराएँ हमारे शरीर में अवशोषित नहीं होतीं। उदाहरण के लिए सेलुलोज।

10.3 पौधों में कार्बोहाइड्रेटों के दो मुख्य कार्यों को लिखिए।

पौधों में कार्बोहाइड्रेटों के दो मुख्य कार्य हैं: 1. ऊर्जा का स्रोत: कार्बोहाइड्रेट पौधों के लिए ऊर्जा का मुख्य स्रोत होते हैं। 2. संरचनात्मक भूमिका: जैसे सेलुलोज पौधों की कोशिका भित्ति का मुख्य घटक होता है, जो उन्हें कठोरता और संरचना प्रदान करता है।

10.4 निम्नलिखित को मोनोसैकेराइड तथा डाइसैकेराइड में वर्गीकृत कीजिए—राइबोस, 2-डीऑक्सीराइबोस, माल्टोस, गैलैक्टोस, फ्रक्टोज तथा लैक्टोस

मोनोसैकेराइड: राइबोस, 2-डीऑक्सीराइबोस, गैलैक्टोस, फ्रक्टोज डाइसैकेराइड: माल्टोस, लैक्टोस

व्याख्या:

  • मोनोसैकेराइड सरल शर्कराएँ हैं जो टूटती नहीं हैं।
  • डाइसैकेराइड दो मोनोसैकेराइड के यौगिक होते हैं। माल्टोस ग्लूकोज के दो अणुओं से बना होता है और लैक्टोस ग्लूकोज तथा गैलैक्टोस से।

इस अध्याय में महारत हासिल करें

पूरा जैव-अणु अध्याय — इंटरैक्टिव नोट्स, चित्र, हल किए गए प्रश्न, पोल्स और मुफ़्त अभ्यास क्विज़ — ConceptScroll ऐप में।

ConceptScroll में खोलें →

ConceptScroll के साथ स्मार्ट पढ़ें

रोज़ाना एनसीईआरटी रील्स, एआई डाउट सॉल्विंग और अध्याय क्विज़ — सब मुफ़्त।

मुफ़्त सीखना शुरू करें
#cbse notes#chemistry#class 12#ncert

और पढ़ें