Biologyकक्षा 12मानव स्वास्थ्य तथा रोगहिंदी

मानव स्वास्थ्य तथा रोग | Class 12 Biology Notes

द्वारा ConceptScroll Team · प्रकाशित 17 जुलाई 2026 · 4 मिनट का पठन

मानव स्वास्थ्य तथा रोग | Class 12 Biology Notes

मानव स्वास्थ्य तथा रोग – this guide gives you a concise, exam-ready overview of मानव स्वास्थ्य तथा रोग from Class 12 Biology, written by ConceptScroll editors and reviewed against the latest NCERT textbook.

एड्स

एड्स (Acquired Immuno Deficiency Syndrome) एक घातक रोग है जो मानव प्रतिरक्षा न्यूनता विषाणु (एचआईवी) के कारण होता है। यह रोग प्रतिरक्षा तंत्र को कमजोर कर देता है जिससे व्यक्ति अन्य संक्रमणों और रोगों के प्रति असुरक्षित हो जाता है।

एचआईवी एक पश्चविषाणु (रेट्रोवायरस) है जिसका जीनोम आरएनए होता है। यह विषाणु संक्रमित व्यक्ति के शरीर में प्रवेश कर बृहत्भक्षकाणु (मैक्रोफेज) और सहायक टी-लसीकाणुओं (टी-एच) को संक्रमित करता है। विषाणु का आरएनए विलोम ट्रांसक्रिप्टेज एंजाइम की सहायता से डीएनए में परिवर्तित हो जाता है जो परपोषी की कोशिका के डीएनए में समाहित हो जाता है। इससे विषाणु की प्रतिकृति होती है और नए विषाणु बनते हैं जो अन्य कोशिकाओं को संक्रमित करते हैं।

एचआईवी संक्रमण मुख्य रूप से यौन संपर्क, संक्रमित रक्त और रक्त उत्पादों के माध्यम से, संक्रमित सुइयों के साझा प्रयोग से और संक्रमित माँ से बच्चे में होता है। यह रोग केवल शरीर के स्रावित द्रवों से फैलता है, इसलिए छूने या सामान्य संपर्क से नहीं फैलता।

संक्रमण के बाद लक्षण प्रकट होने में कई वर्ष लग सकते हैं। इस दौरान व्यक्ति में बार-बार बुखार, दस्त, वजन घटना जैसे लक्षण हो सकते हैं। सहायक टी-लसीकाणुओं की संख्या कम होने से व्यक्ति अन्य संक्रमणों जैसे माइकोबैक्टीरियम, कवक, विषाणु और परजीवियों के संक्रमण का शिकार हो जाता है।

एड्स का निदान एलीसा परीक्षण द्वारा किया जाता है। उपचार में प्रति-पश्चविषाणवीय औषधियाँ शामिल हैं जो रोग की प्रगति को धीमा कर सकती हैं लेकिन पूर्ण रूप से ठीक नहीं कर सकतीं।

एड्स की रोकथाम के लिए सुरक्षित यौन संबंध, संक्रमित रक्त का उपयोग न करना, सुइयों का साझा न करना, संक्रमित माँ से बच्चे में संक्रमण रोकना आवश्यक है। सामाजिक स्तर पर जागरूकता और संक्रमित व्यक्तियों के प्रति सहानुभूति भी आवश्यक है।

📊 Diagram: चित्र 7.6 पश्चविषाणु (रेट्रोवायरस) की प्रतिकृति; चित्र 7.5 लसीका तंत्र

🧪 Activity: छात्रों को एड्स के संक्रमण के कारणों और रोकथाम के उपायों पर समूह चर्चा करने के लिए कहा जा सकता है।

🔗 Connection: यह अनुभाग कैंसर और अन्य गंभीर रोगों की चर्चा के लिए आधार तैयार करता है।

अक्सर पूछे जाने वाले प्रश्न

कौन से विभिन्न जन स्वास्थ्य उपाय हैं, जिन्हें आप संक्रामक रोगों के विरुद्ध रक्षा-उपायों के रूप में सुझायेंगे?

संक्रामक रोगों के विरुद्ध जन स्वास्थ्य उपायों में शामिल हैं: 1. स्वच्छता बनाए रखना जैसे हाथ धोना, साफ-सफाई रखना। 2. स्वच्छ जल और भोजन का सेवन। 3. टीकाकरण (लसीकरण) कराना। 4. संक्रमित व्यक्तियों से दूरी बनाए रखना। 5. संक्रमित स्थानों की सैनिटाइजेशन। 6. मच्छरदानी का उपयोग और मच्छर नियंत्रण। 7. सार्वजनिक स्वास्थ्य जागरूकता फैलाना। 8. उचित कचरा प्रबंधन। 9. रोगों के लक्षणों को पहचान कर समय पर चिकित्सकीय सहायता लेना।

जैविकी के अध्ययन ने संक्रामक रोगों को नियंत्रित करने में किस प्रकार हमारी सहायता की है?

जैविकी के अध्ययन से संक्रामक रोगों के कारण, उनके संचरण के तरीके, रोगजनकों की संरचना और जीवन चक्र को समझने में मदद मिली है। इससे: 1. रोगों की पहचान और निदान में सुधार हुआ। 2. प्रभावी टीके और दवाओं का विकास संभव हुआ। 3. रोगजनकों के प्रति प्रतिरोधक क्षमता बढ़ाने के उपाय विकसित हुए। 4. रोग नियंत्रण के लिए जन स्वास्थ्य नीतियाँ बनाई गईं। 5. रोगों के फैलाव को रोकने के लिए जैव प्रौद्योगिकी आधारित तकनीकों का उपयोग हुआ।

निम्नलिखित रोगों का संचरण कैसे होता है? (क) अमीबता (ख) मलेरिया (ग) एस्केरिसता (घ) न्यूमोनिया

संचरण के तरीके: (क) अमीबता: दूषित जल या भोजन के माध्यम से, अमीबा नामक परजीवी के कारण होता है। यह मल-प्रदूषित जल के सेवन से फैलता है। (ख) मलेरिया: संक्रमित मच्छर (ऐनाफिलीस) के काटने से फैलता है। मलेरिया प्लाज्मोडियम नामक परजीवी के कारण होता है। (ग) एस्केरिसता: दूषित भोजन या जल के माध्यम से फैलता है। यह एक प्रकार का कीड़ा (पैरासाइट) है जो आंतों में रहता है। (घ) न्यूमोनिया: यह मुख्यतः हवा में मौजूद जीवाणु या विषाणु के छींकने या खांसने से फैलता है।

जल-वाहित रोगों की रोकथाम के लिए आप क्या उपाय अपनायेंगे?

जल-वाहित रोगों की रोकथाम के उपाय: 1. स्वच्छ और सुरक्षित पेयजल का उपयोग। 2. जल स्रोतों को प्रदूषण से बचाना। 3. पानी को उबालकर या फिल्टर करके पीना। 4. शौचालयों का उचित प्रबंधन और खुले में शौच से बचाव। 5. हाथों की स्वच्छता बनाए रखना, विशेषकर भोजन से पहले। 6. जलाशयों और तालाबों में मच्छर नियंत्रण। 7. जन जागरूकता अभियान चलाना।

इस अध्याय में महारत हासिल करें

पूरा मानव स्वास्थ्य तथा रोग अध्याय — इंटरैक्टिव नोट्स, चित्र, हल किए गए प्रश्न, पोल्स और मुफ़्त अभ्यास क्विज़ — ConceptScroll ऐप में।

ConceptScroll में खोलें →

ConceptScroll के साथ स्मार्ट पढ़ें

रोज़ाना एनसीईआरटी रील्स, एआई डाउट सॉल्विंग और अध्याय क्विज़ — सब मुफ़्त।

मुफ़्त सीखना शुरू करें
#biology#cbse notes#class 12#ncert

और पढ़ें