Chapter 6
Chapter 6 — अध्ययन नोट्स
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6.1 रिलेशनल डाटा बेस प्रबंधन प्रणाली (RDBMS) का परिचय
व्याख्या6.1 रिलेशनल डाटा बेस प्रबंधन प्रणाली (RDBMS) का परिचय
रिलेशनल डाटा बेस प्रबंधन प्रणाली (RDBMS) एक प्रकार की डाटा बेस प्रबंधन प्रणाली है जिसमें डाटा को तालिकाओं (टेबल्स) के रूप में संग्रहित किया जाता है। प्रत्येक टेबल में पंक्तियाँ (रोज़) और स्तंभ (कॉलम्स) होते हैं। RDBMS में डाटा के बीच संबंध (रिलेशन) स्थापित किए जाते हैं, जिससे डाटा को कुशलतापूर्वक संग्रहित, पुनः प्राप्त और प्रबंधित किया जा सकता है। RDBMS का विकास डॉ. ई. एफ. कोड (E.F. Codd) द्वारा 1970 में किया गया था। RDBMS में डाटा की अखंडता (इंटीग्रिटी), सुरक्षा (सिक्योरिटी) और एकाधिक उपयोगकर्ताओं द्वारा डाटा की पहुँच (मल्टी-यूजर एक्सेस) सुनिश्चित की जाती है। इसमें SQL (स्ट्रक्चर्ड क्वेरी लैंग्वेज) का उपयोग डाटा को जोड़ने, हटाने, संशोधित करने और प्राप्त करने के लिए किया जाता है। RDBMS का मुख्य उद्देश्य डाटा को संरचित और व्यवस्थित रूप में संग्रहित करना है, जिससे डाटा की पुनरावृत्ति (रेडंडेंसी) कम हो और डाटा की विश्वसनीयता (रिलायबिलिटी) बनी रहे।
- RDBMS में डाटा टेबल्स के रूप में संग्रहित होता है।
- प्रत्येक टेबल में पंक्तियाँ (रोज़) और स्तंभ (कॉलम्स) होते हैं।
- RDBMS में डाटा के बीच संबंध स्थापित किए जाते हैं।
- SQL का उपयोग डाटा प्रबंधन के लिए किया जाता है।
- डाटा की अखंडता और सुरक्षा सुनिश्चित होती है।
- मल्टी-यूजर एक्सेस की सुविधा होती है।
- 📌 रिलेशनल डाटा बेस (Relational Database): डाटा का संग्रहण तालिकाओं के रूप में।
- 📌 टेबल (Table): पंक्तियों और स्तंभों से बनी डाटा संरचना।
- 📌 SQL (Structured Query Language): डाटा प्रबंधन के लिए प्रयुक्त भाषा।
6.2 रिलेशनल डाटा मॉडल
अवधारणा6.2 रिलेशनल डाटा मॉडल
रिलेशनल डाटा मॉडल वह ढाँचा है जिसमें डाटा को तालिकाओं (रिलेशन) के रूप में व्यवस्थित किया जाता है। प्रत्येक तालिका में पंक्तियाँ (ट्यूपल्स) और स्तंभ (एट्रिब्यूट्स) होते हैं। रिलेशनल डाटा मॉडल में प्रत्येक टेबल को एक रिलेशन कहा जाता है, जिसमें प्रत्येक पंक्ति एक रिकॉर्ड या ट्यूपल होती है और प्रत्येक कॉलम एक विशेषता (एट्रिब्यूट) को दर्शाता है। इस मॉडल में डाटा के बीच संबंध प्राथमिक कुंजी (प्राइमरी की) और विदेशी कुंजी (फॉरेन की) के माध्यम से स्थापित किए जाते हैं। रिलेशनल डाटा मॉडल डाटा की संरचना, अखंडता और सुरक्षा को सुनिश्चित करता है।
- डाटा को तालिकाओं (रिलेशन) के रूप में संग्रहित किया जाता है।
- प्रत्येक तालिका में पंक्तियाँ (ट्यूपल्स) और स्तंभ (एट्रिब्यूट्स) होते हैं।
- प्राथमिक कुंजी (प्राइमरी की) प्रत्येक रिकॉर्ड को अद्वितीय बनाती है।
- विदेशी कुंजी (फॉरेन की) टेबल्स के बीच संबंध स्थापित करती है।
- डाटा की संरचना और अखंडता सुनिश्चित होती है।
- 📌 रिलेशन (Relation): तालिका जिसमें डाटा संग्रहित होता है।
- 📌 ट्यूपल (Tuple): तालिका की एक पंक्ति, जो एक रिकॉर्ड को दर्शाती है।
- 📌 एट्रिब्यूट (Attribute): तालिका का एक स्तंभ, जो डाटा की विशेषता को दर्शाता है।
6.3 तालिका (Table), पंक्ति (Row), स्तंभ (Column)
परिभाषा6.3 तालिका (Table), पंक्ति (Row), स्तंभ (Column)
तालिका (Table) RDBMS में डाटा संग्रहण की मूल इकाई है, जिसमें डाटा को पंक्तियों और स्तंभों में व्यवस्थित किया जाता है। प्रत्येक तालिका एक विशेष विषय (जैसे विद्यार्थी, कर्मचारी, उत्पाद) से संबंधित डाटा को संग्रहित करती है। तालिका की प्रत्येक पंक्ति (Ro
SLM - Data Base Management System (Hindi) के सभी 20 अध्याय
Data Base Management System · Vardhman Mahaveer Open University
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