Contract Costing 159
Contract Costing 159 — अध्ययन नोट्स
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परिचय
व्याख्यापरिचय
इस अनुभाग में अनुबंध लागतिंग (Contract Costing) की मूल अवधारणा, इसकी आवश्यकता और महत्त्व को विस्तार से समझाया गया है। अनुबंध लागतिंग एक विशेष लागत निर्धारण प्रणाली है, जिसका उपयोग बड़े निर्माण कार्यों, जैसे भवन निर्माण, सड़क, पुल, बाँध आदि के लिए किया जाता है। इसमें प्रत्येक अनुबंध को एक स्वतंत्र लागत केंद्र माना जाता है और उसकी लागत का पृथक लेखा-जोखा रखा जाता है। अनुबंध लागतिंग मुख्य रूप से उन उद्योगों में प्रयुक्त होती है जहाँ कार्य दीर्घकालीन, बड़े पैमाने पर और ग्राहक के आदेशानुसार होते हैं। इस प्रणाली में लागत का संकलन, विश्लेषण एवं नियंत्रण किया जाता है, जिससे लाभ-हानि का सटीक निर्धारण संभव होता है।
- अनुबंध लागतिंग बड़े निर्माण कार्यों के लिए उपयुक्त है।
- प्रत्येक अनुबंध को अलग लागत केंद्र माना जाता है।
- लागत का पृथक लेखा-जोखा रखा जाता है।
- लाभ-हानि का सटीक निर्धारण किया जाता है।
- ग्राहक के आदेशानुसार कार्य किए जाते हैं।
- लागत नियंत्रण की सुविधा मिलती है।
- 📌 अनुबंध लागतिंग: बड़े निर्माण कार्यों के लिए लागत निर्धारण प्रणाली।
- 📌 लागत केंद्र: वह इकाई जिसके लिए लागत का पृथक लेखा रखा जाता है।
अनुबंध लागतिंग की विशेषताएँ
अवधारणाअनुबंध लागतिंग की विशेषताएँ
इस अनुभाग में अनुबंध लागतिंग की प्रमुख विशेषताओं का विस्तार से वर्णन किया गया है। अनुबंध लागतिंग में प्रत्येक अनुबंध का स्वतंत्र लेखा-जोखा होता है। कार्य आमतौर पर ग्राहक के स्थान पर किया जाता है और कार्य की अवधि लंबी होती है। अनुबंध लागतिंग में अधिकांश सामग्री सीधे साइट पर भेजी जाती है और श्रमिक भी विशेष रूप से उसी अनुबंध के लिए नियुक्त किए जाते हैं। लागत का अधिकांश भाग प्रत्यक्ष होता है, जैसे सामग्री, श्रम, उप-ठेकेदार की लागत आदि। अप्रत्यक्ष लागत (ओवरहेड्स) का अनुपात कम होता है। अनुबंध की प्रगति के अनुसार आंशिक भुगतान (प्रगति भुगतान) प्राप्त होते हैं।
- प्रत्येक अनुबंध का स्वतंत्र लेखा-जोखा।
- कार्य स्थल ग्राहक के स्थान पर होता है।
- लंबी अवधि के कार्य होते हैं।
- अधिकांश लागत प्रत्यक्ष होती है।
- सामग्री और श्रमिक सीधे साइट पर भेजे जाते हैं।
- प्रगति भुगतान की व्यवस्था होती है।
- 📌 प्रत्यक्ष लागत: वह लागत जो सीधे अनुबंध से संबंधित होती है।
- 📌 प्रगति भुगतान: कार्य की प्रगति के अनुसार प्राप्त आंशिक भुगतान।
अनुबंध लागतिंग की प्रक्रिया
व्याख्याअनुबंध लागतिंग की प्रक्रिया
इस अनुभाग में अनुबंध लागतिंग की पूरी प्रक्रिया को विस्तार से समझाया गया है। सबसे पहले, अनुबंध प्राप्त करने के बाद, अनुबंध संख्या और नाम के साथ एक अनुबंध खाता खोला जाता है। अनुबंध के लिए आवश्यक सामग्री, श्रमिक और अन्य संसाधनों की व्यवस्था की जाती है।
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Cost and Management Accounting · Vardhman Mahaveer Open University
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