Nutrition and Health | Class 12 Home Science Notes
द्वारा ConceptScroll Team · प्रकाशित 17 जुलाई 2026 · 3 मिनट का पठन

Nutrition and Health – this guide gives you a concise, exam-ready overview of Nutrition and Health from Class 12 Home Science, written by ConceptScroll editors and reviewed against the latest NCERT textbook.
मूलभूत संकल्पनाएँ
जन स्वास्थ्य पोषण वह क्षेत्र है जो समाज के सभी लोगों के स्वास्थ्य को बेहतर बनाने के लिए पोषण संबंधी समस्याओं का समाधान करता है। यह क्षेत्र पोषण संबंधी रोगों की रोकथाम और नियंत्रण के लिए सरकारी नीतियों और कार्यक्रमों के माध्यम से कार्य करता है। जन स्वास्थ्य आहार विशेषज्ञ बड़े पैमाने पर सुनियोजित और बहुविषयक पद्धतियों का उपयोग करते हैं, जो जीवन विज्ञान और सामाजिक विज्ञान के आधार पर टिका होता है। यह नैदानिक पोषण और आहारिकी से भिन्न है क्योंकि इसका फोकस समुदाय और जनसंख्या पर होता है। जन पोषण में पोषणात्मक, जैविक, व्यवहार-संबंधी, सामाजिक और प्रबंधन विज्ञानों का समावेश होता है। पोषण समस्याओं के कारण केवल भोजन की कमी नहीं होती, बल्कि गरीबी, अस्वच्छता, स्वास्थ्य सेवाओं की कमी, शिक्षा की कमी, और सामाजिक भेदभाव जैसे अनेक कारक भी शामिल होते हैं। चित्र 3.1 में अल्पपोषण से संबंधित कारकों को दर्शाया गया है, जिसमें व्यक्तिगत, पारिवारिक और मूलभूत कारण शामिल हैं। भारत में प्रमुख पोषण समस्याओं में प्रोटीन-ऊर्जा कुपोषण (पी.ई.एम.) और सूक्ष्मपोषकों की कमी प्रमुख हैं। प्रोटीन-ऊर्जा कुपोषण तब होता है जब शरीर को आवश्यक ऊर्जा और प्रोटीन पर्याप्त मात्रा में नहीं मिल पाते। सूक्ष्मपोषकों की कमी को 'छिपी भूख' कहा जाता है, जिसमें लौहतत्व, विटामिन A, आयोडीन, जिंक आदि की कमी शामिल है।
📊 Diagram: चित्र 3.1– अल्पपोषण से संबंधित कारक
🔗 Connection: यह खंड भारत में पोषण संबंधी समस्याओं के विशिष्ट प्रकारों और उनके प्रभावों की चर्चा के लिए आधार प्रदान करता है।
अक्सर पूछे जाने वाले प्रश्न
1. निम्नलिखित शब्दों को समझाइए — बौनापन, जन्म के समय कम भार वाला शिशु, आई. डी. डी., क्षयकारी, कुपोषण का दोहरा भार, मरास्मस, क्वाशिओरकोर, समुदाय।
उत्तर:
1. बौनापन: शारीरिक विकास में कमी या सामान्य से कम विकास को बौनापन कहते हैं। 2. जन्म के समय कम भार वाला शिशु: ऐसा शिशु जिसका जन्म के समय वजन 2.5 किलोग्राम से कम होता है। 3. आई. डी. डी. (आयोडीन की कमी विकार): आयोडीन की कमी के कारण होने वाली स्वास्थ्य समस्याएँ, जैसे गंडमाला। 4. क्षयकारी: वह रोग जो शरीर की ऊर्जा और पोषण को कम कर देता है, जैसे तपेदिक। 5. कुपोषण का दोहरा भार: एक ही समय में पोषण की कमी और अधिकता दोनों की समस्या होना। 6. मरास्मस: प्रोटीन और कैलोरी की गंभीर कमी से होने वाला कुपोष
2. जन पोषण समस्याओं से जूझने के लिए उपयोग में लाई जा सकने वाली विभिन्न कार्य नीतियों की विवेचना कीजिए।
उत्तर:
जन पोषण समस्याओं से निपटने के लिए विभिन्न कार्य नीतियाँ अपनाई जाती हैं, जिनमें शामिल हैं:
1. पोषण शिक्षा: लोगों को सही आहार और पोषण के बारे में जागरूक करना। 2. पूरक आहार कार्यक्रम: विशेष रूप से बच्चों, गर्भवती महिलाओं और वृद्धों के लिए पोषण पूरक प्रदान करना। 3. स्वास्थ्य सेवाओं का विस्तार: टीकाकरण, रोग नियंत्रण और स्वास्थ्य जांच। 4. स्वच्छता और स्वच्छ पेयजल की उपलब्धता सुनिश्चित करना। 5. सामाजिक सुरक्षा योजनाएँ: गरीबी रेखा से नीचे जीवन यापन करने वालों के लिए सहायता। 6. बाल विकास कार्यक्
3. जन स्वास्थ्य पोषण क्या है?
उत्तर:
जन स्वास्थ्य पोषण वह क्षेत्र है जो पूरे समुदाय या जनसंख्या के पोषण स्तर को सुधारने और पोषण संबंधी समस्याओं को रोकने के लिए कार्य करता है। इसमें पोषण की निगरानी, मूल्यांकन, शिक्षा, और पोषण कार्यक्रमों का विकास शामिल है। इसका उद्देश्य स्वस्थ जीवन और रोगों से बचाव सुनिश्चित करना है।
4. भारत किन सामान्य पोषण समस्याओं का सामना कर रहा है?
उत्तर:
भारत में सामान्य पोषण समस्याएँ निम्नलिखित हैं:
1. कुपोषण (अल्प पोषण) विशेषकर बच्चों में। 2. आयरन की कमी से होने वाली एनीमिया। 3. आयोडीन की कमी से होने वाले विकार (आई.डी.डी.)। 4. विटामिन A की कमी। 5. प्रोटीन और कैलोरी की कमी। 6. मोटापा और उससे जुड़ी बीमारियाँ। 7. बाल विकास में देरी।
ये समस्याएँ सामाजिक, आर्थिक और पर्यावरणीय कारणों से उत्पन्न होती हैं।
इस अध्याय में महारत हासिल करें
पूरा Nutrition and Health अध्याय — इंटरैक्टिव नोट्स, चित्र, हल किए गए प्रश्न, पोल्स और मुफ़्त अभ्यास क्विज़ — ConceptScroll ऐप में।
ConceptScroll के साथ स्मार्ट पढ़ें
रोज़ाना एनसीईआरटी रील्स, एआई डाउट सॉल्विंग और अध्याय क्विज़ — सब मुफ़्त।
मुफ़्त सीखना शुरू करेंऔर पढ़ें
- Corporate Communication and Public Relations | Class 12 Home Science Notes
Clear NCERT-aligned notes on Corporate Communication and Public Relations for Class 12 Home Science.
- Corporate Communication and Public Relations | Class 12 Home Science Notes
Clear NCERT-aligned notes on Corporate Communication and Public Relations for Class 12 Home Science.
- Corporate Communication and Public Relations | Class 12 Home Science Notes
Clear NCERT-aligned notes on Corporate Communication and Public Relations for Class 12 Home Science.