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Chapter 4

🎓 Class 12📖 Manav Bhugol Ke Mool Sidhant📖 7 नोट्स🧠 15 प्रश्न-उत्तर⏱️ ~11 मिनट
Chapter 3अध्याय 4 / 8Chapter 5

Chapter 4अध्ययन नोट्स

NCERT-संरेखित · 7 नोट्स · 3 निःशुल्क दिखाए गए

प्राथमिक क्रियाएँ

व्याख्या

प्राथमिक क्रियाएँ

प्राथमिक क्रियाएँ वे आर्थिक कार्यकलाप हैं जिनसे मानव को आय प्राप्त होती है और जो प्रत्यक्ष रूप से पर्यावरण पर निर्भर होती हैं। आर्थिक क्रियाओं को चार मुख्य वर्गों में बांटा गया है: प्राथमिक, द्वितीयक, तृतीयक और चतुर्थक क्रियाएँ। प्राथमिक क्रियाएँ प्राकृतिक संसाधनों जैसे भूमि, जल, वनस्पति, भवन निर्माण सामग्री एवं खनिजों के उपयोग से जुड़ी होती हैं। इनमें आखेट, भोजन संग्रह, पशुचारण, मछली पकड़ना, वनों से लकड़ी काटना, कृषि और खनन कार्य सम्मिलित हैं। ये क्रियाएँ पर्यावरण की उपलब्धता और भौगोलिक परिस्थितियों पर निर्भर करती हैं। उदाहरण के लिए, तटीय क्षेत्रों में मछली पकड़ने का कार्य अधिक होता है, जबकि मैदानी क्षेत्रों में कृषि प्रमुख होती है। प्राथमिक क्रियाओं में कार्य करने वाले श्रमिकों को लाल कॉलर श्रमिक कहा जाता है क्योंकि उनका कार्य क्षेत्र घर से बाहर होता है। ये क्रियाएँ मानव जीवन के आरंभिक काल से चली आ रही हैं और आज भी विश्व के कई भागों में प्राथमिक आर्थिक गतिविधियों का आधार हैं।

  • प्राथमिक क्रियाएँ आर्थिक कार्य हैं जो पर्यावरण पर निर्भर होती हैं।
  • आर्थिक क्रियाओं के चार वर्ग: प्राथमिक, द्वितीयक, तृतीयक, चतुर्थक।
  • प्राथमिक क्रियाओं में प्राकृतिक संसाधनों का उपयोग होता है।
  • आखेट, भोजन संग्रह, पशुचारण, कृषि, खनन आदि प्राथमिक क्रियाएँ हैं।
  • लाल कॉलर श्रमिक वे होते हैं जो प्राथमिक क्रियाओं में कार्य करते हैं।
  • प्राथमिक क्रियाएँ भौगोलिक एवं पर्यावरणीय कारकों पर निर्भर करती हैं।
  • 📌 प्राथमिक क्रियाएँ: वे आर्थिक क्रियाएँ जो प्राकृतिक संसाधनों पर निर्भर होती हैं।
  • 📌 लाल कॉलर श्रमिक: वे श्रमिक जो बाहरी क्षेत्रों में कार्य करते हैं।

आखेट एवं भोजन संग्रह

व्याख्या

आखेट एवं भोजन संग्रह

आखेट और भोजन संग्रह मानव सभ्यता के आरंभिक युग के आर्थिक कार्य थे। आदिमकालीन मानव अपने जीवन निर्वाह के लिए अपने समीप के पर्यावरण पर निर्भर रहता था। आखेट का अर्थ है जंगली पशुओं का शिकार करना, जबकि भोजन संग्रह में जंगली पौधों, कंद-मूल, फल एवं अन्य खाद्य पदार्थों का संग्रहण शामिल है। ये क्रियाएँ अधिकतर आदिमकालीन समाजों में देखी जाती हैं, जो कठोर जलवायु और पर्यावरणीय परिस्थितियों में रहते थे। आखेटक पत्थर या लकड़ी के औजारों का उपयोग करते थे, जिससे शिकार की संख्या सीमित रहती थी। आज भी तटीय क्षेत्रों में मछली पकड़ना एक महत्वपूर्ण आखेटीय क्रिया है। हालांकि, अवैध शिकार के कारण कई जीवों की जातियाँ लुप्त हो रही हैं। भोजन संग्रह विश्व के दो मुख्य भागों में होता है: उच्च अक्षांशीय क्षेत्र (जैसे उत्तरी कनाडा, उत्तरी यूरेशिया) और निम्न अक्षांशीय क्षेत्र (जैसे अमेजन बेसिन, उष्णकटिबंधीय अफ्रीका)। आधुनिक समय में भोजन संग्रह का कुछ भाग व्यापारीकरण के रूप में भी विकसित हुआ है, जहाँ औषधीय पौधों, छाल, पत्तियाँ आदि बाजार में बेची जाती हैं। उदाहरण के लिए, छाल का उपयोग कुनैन, चमड़ा तैयार करने और कार्क के लिए किया जाता है।

  • आखेट और भोजन संग्रह मानव सभ्यता के प्रारंभिक आर्थिक कार्य हैं।
  • आखेट का अर्थ जंगली पशुओं का शिकार करना है।
  • भोजन संग्रह में जंगली पौधों, कंद-मूल आदि का संग्रहण शामिल है।
  • आधुनिक समय में भोजन संग्रह का कुछ हिस्सा व्यापारीकरण में बदल गया है।
  • विश्व के उच्च और निम्न अक्षांशीय क्षेत्रों में भोजन संग्रह होता है।
  • अवैध शिकार से जीवों की कई जातियाँ संकट में हैं।
  • 📌 आखेट: जंगली पशुओं का शिकार करना।
  • 📌 भोजन संग्रह: जंगली पौधों, कंद-मूल आदि का संग्रहण।
  • 📌 व्यापारीकरण: आर्थिक गतिविधि का बाजार आधारित स्वरूप।

पशुचारण

व्याख्या

पशुचारण

पशुचारण मानव की प्राथमिक आर्थिक क्रियाओं में एक महत्वपूर्ण चरण है, जो आखेट के बाद विकसित हुई। जब मानव ने महसूस किया कि केवल आखेट से जीवन निर्वाह संभव नहीं है, तब उसने पशुपालन की ओर ध्यान दिया। पशुचारण के दो प्रमुख प्रकार हैं: चलवासी पशुचारण और वाणिज्

अभ्यास प्रश्नChapter 4

NCERT अभ्यास प्रश्न और उत्तर सहित

Q1.भारतीय प्रवासी दुनिया के सबसे शक्तिशाली प्रवासी समुदायों में से एक है। निम्नलिखित में से कौन सा कथन बताता है कि उन्होंने यह दर्जा कैसे प्राप्त किया है?
A.: पेशेवर उच्च शिक्षितों में से एक होने का गौरव प्राप्त करते हैं।
B.विकल्प 2: वे सबसे अधिक कमाई वाले और समृद्ध समूहों में से एक हैं।
C.विकल्प 3: वे संबंधित देशों के विकास में महत्वपूर्ण भूमिका निभा रहे हैं।
D.विकल्प 4: उपरोक्त सभी विकल्प

उत्तर:

विकल्प 4: उपरोक्त सभी विकल्प

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Q2.निम्नलिखित कथन पर विचार करें: 1. विविध संस्कृतियों के लोगों के परस्पर संबंध ने समग्र संस्कृति के विकास में योगदान दिया है, संकीर्ण विचारों को तोड़कर बड़े पैमाने पर लोगों के मानसिक क्षितिज को चौड़ा किया है। 2. विविध संस्कृतियों के लोगों का परस्पर जुड़ाव गुमनामी पैदा करता है, जो सामाजिक शून्यता और व्यक्तियों में आपत्ति की भावना पैदा करता है। ऊपर दिया गया कौन सा कथन सही है / हैं?
A.1 ही
B.: 2 ही
C.1 और 2 दोनों
D.: न तो 1 और न ही 2

उत्तर:

1 और 2 दोनों

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Q3.अंतिम निवास के स्थान पर अंतर राज्य प्रवासन के तहत प्रवासन की कौन सी धारा महिलाओं पर हावी नहीं है?
A.ग्रामीण से ग्रामीण
B.शहरी से ग्रामीण
C.शहरी से शहरी
D.ग्रामीण से शहरी

उत्तर:

ग्रामीण से शहरी

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Q4.।निम्नलिखित में से कौन सा एक महत्वपूर्ण कारक है जो ग्रामीण प्रवासियों को शहरी क्षेत्र के लिए प्रेरित नहीं करता है?
A.नियमित काम की उपलब्धता
B.: मनोरंजन के अधिक स्रोत
C.: भूमि पर उच्च जनसंख्या दबाव
D.: शिक्षा के लिए बेहतर अवसर

उत्तर:

: भूमि पर उच्च जनसंख्या दबाव

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Q5.कौन सी गहन निर्वाह कृषि की मुख्य फसल है-
A.गेहूं
B.चावल
C.सरसों
D.सोयाबीन

उत्तर:

चावल

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Q6.ट्यूलिप नामक पुष्प की खेती में कौन सा देश विशिष्टीकारण रखता है
A.डेनमार्क
B.नीदरलैंड
C.बेल्जियम
D.फ्रांस

उत्तर:

नीदरलैंड

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Q7.निम्नलिखित में से कौन सा ट्रक फार्मिंग का अन्य नाम है-
A.रेशम उत्पादन कृषि
B.- अंगूर उत्पादन कृषि
C.फल व सब्जी कृषि
D.विपणन बागवानी

उत्तर:

फल व सब्जी कृषि

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Q8.विकासशील राष्ट्रों के चावल उत्पादक प्रदेशों में गहन जीवन निर्वाह कृषि की निम्नलिखित में महत्वपूर्ण विशेषता है-
A.बृहद आकार की कृषि जोत
B.बहुत छोटे आकार की कृषि जोत
C.रासायनिक उर्वरकों का सीमित उपयोग
D.कृषि कार्यों में कृषि मशीनरी का उपयोग

उत्तर:

बहुत छोटे आकार की कृषि जोत

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