NCERTCh 1Free

Chapter 1

🎓 Class 9📖 Ganga📖 11 notes🧠 15 Q&A⏱️ ~17 min
Chapter 1 of 11Chapter 2

Chapter 1Study Notes

NCERT-aligned · 11 notes · 3 shown free

गद्य खंड

Concept

गद्य खंड

कक्षा 9 हिंदी की पाठ्यपुस्तक का प्रथम अध्याय 'गद्य खंड' हिंदी गद्य साहित्य के विविध पहलुओं से परिचय कराता है। इस खंड में गद्य की महत्ता, उसके प्रकार और साहित्य में उसके स्थान को समझाया गया है। गद्य वह साहित्यिक विधा है जिसमें विचारों को सरल, स्पष्ट और प्रवाहपूर्ण भाषा में प्रस्तुत किया जाता है। आधुनिक काल में गद्य का आविर्भाव एक महत्वपूर्ण साहित्यिक घटना माना गया है। रामचंद्र शुक्ल के अनुसार, आधुनिक काल में गद्य का उदय सबसे प्रधान साहित्यिक घटना है। सूर्यकांत त्रिपाठी 'निराला' ने गद्य को जीवन संग्राम की भाषा कहा है, जो जीवन की जटिलताओं और संघर्षों को अभिव्यक्त करता है। गद्य में कहानी, निबंध, आलेख आदि आते हैं, जिनमें जीवन के किसी एक पहलू या मनोभाव को प्रदर्शित करने का प्रयास होता है। मुंशी प्रेमचंद ने कहानी की परिभाषा देते हुए कहा है कि कहानी ऐसी रचना है जिसमें जीवन के किसी अंग या मनोभाव को प्रदर्शित करना लेखक का उद्देश्य होता है, और उसकी शैली, पात्र, कथा-विन्यास उसी भाव को पुष्ट करते हैं। इस खंड में विद्यार्थियों को गद्य साहित्य की विभिन्न विधाओं से परिचित कराते हुए सामाजिक, नैतिक, भावनात्मक और देशभक्ति जैसे विषयों पर विचार करने का अवसर मिलता है।

  • गद्य साहित्य जीवन की भाषा है और जीवन संग्राम की अभिव्यक्ति करता है।
  • आधुनिक काल में गद्य का उदय एक महत्वपूर्ण साहित्यिक घटना है।
  • कहानी गद्य की एक विधा है जिसमें जीवन के एक मनोभाव को प्रदर्शित किया जाता है।
  • मुंशी प्रेमचंद ने कहानी की परिभाषा दी है जो गद्य की विशेषता को दर्शाती है।
  • गद्य खंड में विभिन्न लेखकों की रचनाएँ सामाजिक, नैतिक और भावनात्मक विषयों को प्रस्तुत करती हैं।
  • विद्यार्थी गद्य के माध्यम से जीवन के विविध पहलुओं को समझते हैं।
  • 📌 गद्य: वह साहित्यिक विधा जिसमें विचारों को सरल और स्पष्ट भाषा में प्रस्तुत किया जाता है।
  • 📌 कहानी: जीवन के किसी एक अंग या मनोभाव को प्रदर्शित करने वाली गद्य रचना।
  • 📌 आधुनिक काल: साहित्य का वह काल जिसमें गद्य का विशेष विकास हुआ।

प्रेमचंद

Explanation

प्रेमचंद

प्रेमचंद का जन्म 1880 में लमही (वाराणसी), उत्तर प्रदेश में हुआ था। उनका मूल नाम धनपत राय था। प्रारंभ में उन्होंने शिक्षा विभाग में नौकरी की, परंतु असहयोग आंदोलन में सक्रिय भाग लेने के लिए सरकारी नौकरी छोड़ दी और लेखन कार्य में पूर्ण समर्पित हो गए। प्रेमचंद हिंदी और उर्दू के महान कथाकार हैं। उनकी कहानियाँ और उपन्यास भारतीय समाज के विभिन्न वर्गों जैसे किसान, मजदूर, दलित, स्त्री और स्वतंत्रता आंदोलन के विषयों को जीवंत रूप में प्रस्तुत करते हैं। उनकी प्रमुख रचनाओं में 'सेवासदन', 'प्रेमाश्रम', 'रंगभूमि', 'कायाकल्प', 'निर्मला', 'गबन', 'कर्मभूमि', और 'गोदान' शामिल हैं। प्रेमचंद ने हंस, जागरण, माधुरी जैसी पत्रिकाओं का संपादन भी किया। उनकी भाषा सरल, जीवंत और मुहावरेदार है, जिसमें लोकप्रचलित शब्दों का कुशल प्रयोग मिलता है। प्रेमचंद की कहानियाँ ग्रामीण परिवेश, किसानों और पशुओं के साथ उनके भावनात्मक संबंधों को मार्मिक ढंग से प्रस्तुत करती हैं। 1936 में उनका निधन हो गया, लेकिन उनकी रचनाएँ आज भी भारतीय साहित्य में अमूल्य धरोहर हैं।

  • प्रेमचंद का जन्म 1880 में लमही, वाराणसी में हुआ।
  • उनका मूल नाम धनपत राय था।
  • उन्होंने सरकारी नौकरी छोड़कर लेखन को अपना जीवन बनाया।
  • प्रेमचंद की कहानियाँ भारतीय समाज के विभिन्न वर्गों का यथार्थ चित्रण हैं।
  • उनकी भाषा सरल और मुहावरेदार है।
  • प्रेमचंद ने कई प्रमुख उपन्यास और पत्रिकाओं का संपादन किया।
  • 📌 प्रेमचंद: हिंदी के प्रसिद्ध कथाकार जिनका असली नाम धनपत राय था।
  • 📌 असहयोग आंदोलन: भारतीय स्वतंत्रता संग्राम का एक महत्वपूर्ण आंदोलन जिसमें सरकारी नौकरी छोड़ने का आह्वान था।
  • 📌 मुहावरेदार भाषा: ऐसी भाषा जिसमें मुहावरों का प्रयोग होता है जो भाषा को जीवंत बनाती है।

दो बैलों की कथा

Explanation

दो बैलों की कथा

‘दो बैलों की कथा’ प्रेमचंद की एक मार्मिक कहानी है जो किसानों के जीवन और पशुओं के प्रति उनके भावनात्मक संबंध को दर्शाती है। कहानी में दो बैलों, हीरा और मोती, की मित्रता, संघर्ष और स्वतंत्रता की चाह को प्रस्तुत किया गया है। गधे और बैलों की तुलना करते ह

Practice QuestionsChapter 1

Includes NCERT exercise questions with answers

Q1.1. कहानी में हीरा और मोती का आपसी संबंध किस गुण को मुख्य रूप से दर्शाता है? (क) प्रतिस्पर्धा और प्रतिद्वंद्विता (ख) एकता और सहयोग (ग) गर्व और दंभ (घ) विद्रोह और क्रोध
A.क) प्रतिस्पर्धा और प्रतिद्वंद्विता
B.ख) एकता और सहयोग
C.ग) गर्व और दंभ
D.घ) विद्रोह और क्रोध

Answer:

हीरा और मोती का आपसी संबंध मुख्य रूप से 'एकता और सहयोग' को दर्शाता है क्योंकि वे दोनों साथ मिलकर अपने कष्टों का सामना करते हैं और एक-दूसरे का सहारा बनते हैं।

Explanation:

कहानी में दोनों बैल एक-दूसरे के प्रति सहानुभूति और सहयोग दिखाते हैं, जो उनके बीच की एकता को दर्शाता है। वे मिलकर अपने दुखों का सामना करते हैं और स्वतंत्रता के लिए संघर्ष करते हैं।

EasyNCERT
Q2.2. हीरा-मोती ने नया स्थान स्वीकार क्यों नहीं किया? (क) उन्हें भरपेट भोजन दिया गया। (ख) उन्हें बहुत मोटी रस्सी से बाँधा गया। (ग) मालिक ने बेचा, यह सोचकर उन्हें अपमान लगा। (घ) उन्हें अलग-अलग बाँधा गया।
A.क) उन्हें भरपेट भोजन दिया गया।
B.ख) उन्हें बहुत मोटी रस्सी से बाँधा गया।
C.ग) मालिक ने बेचा, यह सोचकर उन्हें अपमान लगा।
D.घ) उन्हें अलग-अलग बाँधा गया।

Answer:

हीरा-मोती ने नया स्थान स्वीकार इसलिए नहीं किया क्योंकि उन्हें यह सोचकर अपमान लगा कि मालिक ने उन्हें बेच दिया है।

Explanation:

कहानी में बैलों को बेच दिया जाना उनके लिए अपमानजनक था, इसलिए वे नए स्थान को स्वीकार नहीं कर पाए। यह उनके स्वाभिमान और स्वतंत्रता की भावना को दर्शाता है।

MediumNCERT
Q3.3. बैलों ने रस्सी तोड़कर घर लौटने का निर्णय क्यों लिया? (क) कष्टों से बचने के लिए (ख) स्वतंत्रता प्राप्त करने के लिए (ग) अभिमान की रक्षा के लिए (घ) अपनापन पाने के लिए
A.क) कष्टों से बचने के लिए
B.ख) स्वतंत्रता प्राप्त करने के लिए
C.ग) अभिमान की रक्षा के लिए
D.घ) अपनापन पाने के लिए

Answer:

बैलों ने रस्सी तोड़कर घर लौटने का निर्णय इसलिए लिया क्योंकि वे स्वतंत्रता प्राप्त करना चाहते थे।

Explanation:

कहानी में बैल अपने बंधन से मुक्त होकर अपने पुराने घर लौटना चाहते हैं, जो उनकी स्वतंत्रता की इच्छा को दर्शाता है।

EasyNCERT
Q4.4. गया द्वारा डंडे से मारने पर मोती का आक्रोश किस मानवीय मनोवृत्ति का श्रोतक है? (क) स्वाभिमान (ख) अहिंसा (ग) पराधीनता (घ) अन्याय की रक्षा
A.क) स्वाभिमान
B.ख) अहिंसा
C.ग) पराधीनता
D.घ) अन्याय की रक्षा

Answer:

मोती का आक्रोश स्वाभिमान की भावना से उत्पन्न होता है।

Explanation:

जब मोती को डंडे से मारा जाता है, तो वह अपने स्वाभिमान की रक्षा के लिए क्रोधित होता है, जो मनुष्य की स्वाभिमान की भावना का प्रतीक है।

MediumNCERT
Q5.5. कहानी में बैलों की ‘मूक-भाषा’ का प्रयोग लेखक ने किस लिए किया? (क) कहानी को रोचक बनाने के लिए (ख) मनुष्य जैसी चेतना दिखाने के लिए (ग) संवादों को छोटा रखने के लिए (घ) कथा में हास्य उत्पन्न करने के लिए
A.क) कहानी को रोचक बनाने के लिए
B.ख) मनुष्य जैसी चेतना दिखाने के लिए
C.ग) संवादों को छोटा रखने के लिए
D.घ) कथा में हास्य उत्पन्न करने के लिए

Answer:

लेखक ने बैलों की मूक-भाषा का प्रयोग मनुष्य जैसी चेतना दिखाने के लिए किया है।

Explanation:

मूक-भाषा के माध्यम से लेखक ने बैलों के मनोभावों और चेतना को दर्शाया है, जिससे वे जीवंत और मानवीय प्रतीत होते हैं।

MediumNCERT
Q6.6. ‘दो बैलों की कथा’ को यदि स्वतंत्रता आंदोलन से जोड़ें, तो हीरा और मोती किसके प्रतीक हो सकते हैं? (क) भारत पर अंग्रेजों के क्रूर और अन्यायपूर्ण शासन के (ख) स्वतंत्रता संग्राम में पशुओं के योगदान के (ग) सत्याग्रह और अहिंसा के आंदोलन के (घ) स्वतंत्रता के लिए भारतीय जनता के संघर्ष के
A.क) भारत पर अंग्रेजों के क्रूर और अन्यायपूर्ण शासन के
B.ख) स्वतंत्रता संग्राम में पशुओं के योगदान के
C.ग) सत्याग्रह और अहिंसा के आंदोलन के
D.घ) स्वतंत्रता के लिए भारतीय जनता के संघर्ष के

Answer:

हीरा और मोती स्वतंत्रता के लिए भारतीय जनता के संघर्ष के प्रतीक हो सकते हैं।

Explanation:

कहानी में हीरा और मोती की आज़ादी की चाह और संघर्ष स्वतंत्रता संग्राम में भारतीय जनता के संघर्ष का प्रतीक है।

MediumNCERT
Q7.1. “दूसरे दिन गया ने बैलों को हल में जोता, पर इन दोनों ने जैसे पाँव न उठाने की कसम खा ली थी।” जब बैल नए मालिक के यहाँ गए, तो उन्होंने काम करने से इनकार क्यों कर दिया था?

Answer:

बैलों ने काम करने से इसलिए इनकार किया क्योंकि वे नए मालिक के यहाँ बंधन और अपमान महसूस कर रहे थे। वे अपने पुराने घर और स्वतंत्रता को याद करते थे, इसलिए उन्होंने काम करने से मना कर दिया।

Explanation:

कहानी में बैलों की आज़ादी की चाह और स्वाभिमान की भावना इतनी प्रबल थी कि वे नए मालिक के अधीन काम करना स्वीकार नहीं कर सके। यह उनके मनोभावों को दर्शाता है।

MediumNCERT
Q8.2. “गाँव के इतिहास में यह घटना अभूतपूर्व न होने पर भी महत्वपूर्ण थी।” बैलों का घर लौट आना कोई साधारण घटना नहीं है। कैसे? (संकेत— वे क्यों लौट आए, उनके और झूरी के मन में कौन-कौन से भाव रहे होंगे, क्या वास्तविक जीवन में भी ऐसा होता है आदि।)

Answer:

बैलों का घर लौट आना इसलिए महत्वपूर्ण था क्योंकि वे अपने पुराने घर और अपनत्व की भावना के कारण वापस आए। झूरी के मन में बैलों के प्रति स्नेह और अपनापन था, जबकि बैलों में स्वतंत्रता और स्वाभिमान की भावना थी। वास्तविक जीवन में भी लोग अपने घर और परिवार के प्रति गहरा लगाव रखते हैं, इसलिए ऐसी घटनाएँ भावुक और महत्वपूर्ण होती हैं।

Explanation:

कहानी में बैलों की वापसी उनके स्वाभिमान, अपनत्व और आज़ादी की चाह को दर्शाती है। यह घटना दिखाती है कि जीव-जंतु भी अपने परिवेश और संबंधों से जुड़े होते हैं।

MediumNCERT