यायावर साम्राज्य | Class 11 History Notes
द्वारा ConceptScroll Team · प्रकाशित 17 जुलाई 2026 · 5 मिनट का पठन

यायावर साम्राज्य – this guide gives you a concise, exam-ready overview of यायावर साम्राज्य from Class 11 History, written by ConceptScroll editors and reviewed against the latest NCERT textbook.
मंगोल साम्राज्य का पतन और विभाजन
मंगोल साम्राज्य का विस्तार अत्यंत विशाल था, लेकिन इसकी विशालता के कारण इसे एकजुट रखना कठिन था। चंगेज़ खान की मृत्यु के बाद उनके उत्तराधिकारियों के बीच सत्ता संघर्ष हुआ। साम्राज्य के विभिन्न हिस्से स्वायत्त और स्वतंत्र हो गए। प्रमुख वंशों में तोलुई, चघताई, और जोची वंश शामिल थे। तोलुई वंश ने चीन में यूआन राजवंश की स्थापना की, जबकि इल-खानी वंश ने ईरान में शासन किया। जोची वंश ने रूस के स्टेपी क्षेत्रों पर शासन किया, जिसे 'गोल्डन होर्ड' कहा जाता था। इन वंशों के बीच राजनीतिक और सैन्य संघर्ष जारी रहा। समय के साथ, मंगोलों की यायावरी परंपराएं कमजोर पड़ने लगीं और वे अधिक स्थानबद्ध जीवनशैली की ओर बढ़े। अंततः चौदहवीं शताब्दी के अंत तक मंगोल साम्राज्य कई स्वतंत्र राज्यों में विभाजित हो गया।
📊 Diagram: | 1258 | बगदाद पर अधिकार और अब्बासी खिलाफ़त का अंत। मौके के छोटे भाई हुलैगु के अधीन ईरान में इल-खानी राज्य की स्थापना। जोखिद और इल-खान के मध्य संघर्ष का प्रारंभ |
🧪 Activity: क्रियाकलाप 4: यास के अर्थ और मंगोलों के सामाजिक परिवर्तन पर विचार।
🔗 Connection: यह खंड मंगोल साम्राज्य के समग्र महत्व और इतिहास में उनके स्थान की चर्चा के लिए आधार बनता है।
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| 1258 | बगदाद पर अधिकार और अब्बासी खिलाफ़त का अंत। मौके के छोटे भाई हुलैगु के अधीन ईरान में इल-खानी राज्य की स्थापना। जोखिद और इल-खान के मध्य संघर्ष का प्रारंभ |
|---|---|
| 1260 | पेकिंग में ‘महान खान’ के रूप में कुबलई खान (Qubilai Khan) का राज्यारोहण। चंगेज़ खान के उत्तराधिकारियों में संघर्ष। मुगल राज्य अनेक स्वतंत्र भागों में अनेक वंशों में विभक्त – तोलुई (Toluy), चघताई (Chaghatai), और जोची (ओगोदेई का वंश पराजित हो गया और तोलूयिद में मिल गए) तोलूयिद : चीन का यूआन वंश और ईरान का इल-खानी राज्य चघताई : उत्तरी-तूरान के स्टेपी-क्षेत्र और तुर्किस्तान में रूसी स्टेपी-क्षेत्र में जोखिद वंश थे। उन्हें पर्यवेक्षक ‘गोल्डन होर्ड’ के नाम से वर्णन करते थे |
| 1295-1304 | ईरान में इल-खानी शासक गज़न खान का शासन-काल। उसके बौद्ध धर्म से इस्लाम में धर्मांतरण के बाद धीरे-धीरे अन्य इल-खानी सरदारों का भी धर्मांतरण होने लगा |
| 1368 | चीन में यूआन राजवंश का अंत |
| 1370-1405 | तैमूर का शासन। बरलास तुर्क होते हुए उसने चघताई वंश के आधार पर अपने को चंगेज़ खान का वंशज बताया। उसने स्टेपी-साम्राज्य की स्थापना की। टोलू राज्य चघताई और जोची राज्यों के कुछ हिस्सों (चीन को छोड़कर) को सम्मिलित करते हुए उसने स्टेपी-क्षेत्र में एक साम्राज्य का गठन किया। उसने अपने को ‘गुरेगेन’ (Guregen) ‘शाही-दामाद’ की उपाधि से विभूषित किया और चंगेज़ खान के कुल की एक राजकुमारी से विवाह किया |
| 1495-1530 | जाहीरुद्दीन बाबर जो तैमूर और चंगेज़ खान का वंशज था, फ़रगना और समरकंद के तैमूरी क्षेत्र का उत्तराधिकारी बना। वहाँ से खदेड़ा गया। काबुल पर कब्जा किया और 1526 में दिल्ली और आगरा पर अधिकार जमाया; भारत में मुगल साम्राज्य की नींव रखी |
| 1500 | जोची के कनिष्ठ पुत्र शिबान का वंशज शायबानी खान द्वारा तूरान पर आधिपत्य। तूरान में शायबानी सत्ता (शायबानियों को उज्ज्वेग भी कहा जाता था जिनके नाम से ही वर्तमान उज्ज्वेकिस्तान का नाम पड़ा) को सुदृढ़ किया और इस क्षेत्र से बाबर और तैमूर के वंशजों को खदेड़ दिया |
| 1759 | चीन के मंचुओं ने मंगोलिया पर विजय प्राप्त कर ली |
| 1921 | मंगोलिया का गणराज्य |
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| लगभग 1167 | तेमुजिन का जन्म |
|---|---|
| 1160 और 70 के दशक | दासता और संघर्ष के वर्ष |
| 1180 और 90 के दशक | संधि संबंधों का काल |
| 1203-27 | विस्तार और विजय |
| 1206 | तेमुजिन को चंगेज़ खान, यानी मंगोलो का ‘सार्वभौम शासक’ घोषित किया |
| 1227 | चंगेज़ खान की मृत्यु |
| 1227-41 | चंगेज़ खान के पुत्र ओगोदेई का शासन-काल |
| 1227-60 | तीन महान खानों का शासन और मंगोल-एकता की स्थापना |
| 1236-42 | बाटू के अधीन रूस, हंगरी, पोलैंड और आस्ट्रिया पर आक्रमण। बाटू, चंगेज़ खान के सबसे बड़े पुत्र जोची (Jochi) का पुत्र था |
| 1246-49 | ओगोदेई के पुत्र गुयूक का काल |
| 1251-60 | मोंके, चंगेज़ खान के पौत्र और तुलू (Tuluy) के पुत्र का काल |
| 1253-55 | मोंके के अधीन ईरान और चीन में पुन: आक्रमण |
| 1257-67 | बाटू के पुत्र बर्के का राज्यकाल। सुनहरा गिरोह (Golden Horde) का नेस्टोरियन ईसाई धर्म से इस्लाम धर्म की ओर पुन: प्रवृत्त होना। 1350 के दशक में उनका इस्लाम में निश्चयात्मक रूप से धर्मांतरण हुआ। इल-खान के विरुद्ध गोल्डन हॉर्ड और मिस देश की मैत्री का प्रारंभ |
अक्सर पूछे जाने वाले प्रश्न
नीचे दो कथन दृढ़कथन –(A) और कारण (R) दिए गए हैं : अभिकथन (A): शहर के लोग उत्पादन के लिए अन्य लोगों और सेवाओं पर निर्भर करते हैं।कारण (R): श्रम विभाजन शहरी जीवन की विशेषता है।
A और R दोनों सत्य हैं और R, A की सही व्याख्या है।
प्रश्न- 5. निम्नलिखित कथनों पर विचार करें: (i) मंगोल चीन से कृषि उत्पाद तथा लोहे के उपकरण लाते थे । (ii) साइबेरियाई जंगलों में शिकारी पशुपालकों के दक्षिण में निवास करते थे। (iii) चंगेज खान के शासन में समाज मातृसत्तात्मक था। (iv) चंगेज खान की राजनीतिक व्यवस्था बहुत अधिक स्थायी थी और इसके संस्थापक की मृत्यु के बाद भी कायम रही। उपर्युक्त कथनों में से कौन-सा कथन गलत हैं:
(ii) और (iii)
प्रश्न- स्वर्ण पर आधारित एक नई मौद्रिक प्रणाली की स्थापना के लिए जिम्मेदार सम्राट कौन था ?
कॉन्स्टेनटाईन
प्रश्न- चंगेज खान के शासनकाल के दौरान सेना की इकाइयों के विशेष रूप से चुने गए कप्तान _____________के रूप में जाने जाते थे:
नोयान
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