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सहसंबंध | Class 11 Economics Notes

द्वारा ConceptScroll Team · प्रकाशित 17 जुलाई 2026 · 2 मिनट का पठन

सहसंबंध | Class 11 Economics Notes

सहसंबंध – this guide gives you a concise, exam-ready overview of सहसंबंध from Class 11 Economics, written by ConceptScroll editors and reviewed against the latest NCERT textbook.

सहसंबंध को मापने की प्रविधियाँ

इस भाग में सहसंबंध को मापने के मुख्य सांख्यिकीय उपकरणों पर चर्चा की गई है। सहसंबंध का मापन करने के लिए तीन प्रमुख विधियाँ हैं: प्रकीर्ण आरेख (Scatter Diagram), कार्ल पियरसन का सहसंबंध गुणांक (Karl Pearson's Coefficient of Correlation) और स्पीयरमैन का कोटि सहसंबंध (Spearman's Rank Correlation)।

प्रकीर्ण आरेख में दो चरों के मानों को ग्राफ पेपर पर बिंदुओं के रूप में अंकित किया जाता है, जिससे संबंध का स्वरूप दृष्टिगोचर होता है। यदि बिंदु एक सीधी रेखा के आस-पास हों, तो सहसंबंध रेखीय होता है।

कार्ल पियरसन का सहसंबंध गुणांक दो चरों के बीच रेखीय संबंध की गहनता और दिशा को मापता है। इसका मान -1 से +1 के बीच होता है। +1 पूर्ण धनात्मक सहसंबंध, -1 पूर्ण ऋणात्मक सहसंबंध और 0 का अर्थ कोई सहसंबंध नहीं होता है। यह गुणांक तभी उपयुक्त होता है जब चरों के बीच संबंध रेखीय हो।

स्पीयरमैन का कोटि सहसंबंध उन स्थितियों में उपयोगी होता है जहाँ डेटा ordinal (क्रमबद्ध) हो या गैर-रेखीय संबंध हो। यह गुणांक चरों के कोटियों के बीच संबंध को मापता है और चरम मानों से कम प्रभावित होता है। इस प्रकार, सहसंबंध के अध्ययन में इन तीनों विधियों का समुचित उपयोग किया जाता है।

📊 Diagram: चित्र 6.1 धनात्मक सहसंबंध; चित्र 6.2 ऋणात्मक सहसंबंध; चित्र 6.3 कोई संबंध नहीं; चित्र 6.4 पूर्ण धनात्मक सहसंबंध; चित्र 6.5 पूर्ण ऋणात्मक सहसंबंध; चित्र 6.6 धनात्मक गैर-रेखीय संबंध; चित्र 6.7 ऋणात्मक गैर-रेखीय संबंध

🧪 Activity: अपनी कक्षा के छात्रों के कद, वजन तथा उनके द्वारा दसवीं कक्षा के दो विषयों में प्राप्त अंकों के आँकड़े संगृहीत करें। इनमें से एक बार में दो चरों को लेकर उनका प्रकीर्ण आरेख बनाएँ। आप उनमें किस प्रकार का सहसंबंध देखते हैं?

🔗 Connection: यह खंड सहसंबंध के मापन के लिए कार्ल पियरसन के गुणांक की गणना के लिए सूत्रों और उदाहरणों की ओर ले जाता है।

अक्सर पूछे जाने वाले प्रश्न

हमें सूचकांक की आवश्यकता क्यों होती है?

घ) दोनो (क) और (ख)

'अधिक वजन' और 'जीवन प्रत्याशा' के बीच नकारात्मक सहसंबंध की उच्च डिग्री है। उपरोक्त कथन के अनुरूप सहसंबंध गुणांक है:

-0.80

मूल्य सापेक्ष = (वर्तमान वर्ष) /? × 100

घ) दोनों (क) और (ग)

फिशर का आदर्श सूचकांक है:

लेस्पीयर और पाश्‍चे के सूचकांक का गुणोत्तर मध्यक

इस अध्याय में महारत हासिल करें

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